ओडिशा, गुजरात और तेलंगाना के लिए 1,237 करोड़ रुपये की निवेश योजनाओं को मंजूरी, उद्योगों की भागीदारी से बदलेगी आईटीआई की तस्वीर

नई दिल्ली (Narendra Singh Danu) : केंद्र सरकार ने प्रधानमंत्री स्किलिंग एंड एम्प्लॉयबिलिटी ट्रांसफॉर्मेशन थ्रू अपग्रेडेड आईटीआई (पीएम-सेतु) योजना के देशव्यापी विस्तार को मंजूरी दे दी है। इसके तहत ओडिशा, गुजरात और तेलंगाना में औद्योगिक साझेदारी आधारित आईटीआई उन्नयन के लिए कुल 1,237.58 करोड़ रुपये की रणनीतिक निवेश योजनाओं (एसआईपी) को स्वीकृति दी गई है।

केंद्रीय कौशल विकास एवं उद्यमशीलता मंत्रालय की सचिव देबाश्री मुखर्जी की अध्यक्षता में हुई पीएम-सेतु की चौथी राष्ट्रीय संचालन समिति (एनएससी) की बैठक में यह फैसला लिया गया। बैठक में महानिदेशक (प्रशिक्षण) दिलीप कुमार, संयुक्त सचिव मानसी सहाय ठाकुर, विभिन्न राज्यों के प्रतिनिधि, उद्योग जगत के प्रतिनिधि और अन्य हितधारक शामिल हुए।

200 आईटीआई क्लस्टरों में लागू होगी योजना

समिति ने पीएम-सेतु योजना को पायलट चरण से आगे बढ़ाते हुए देशभर के 200 चिह्नित आईटीआई क्लस्टरों में लागू करने की मंजूरी दी। योजना के तहत उद्योगों की भागीदारी बढ़ाने, सार्वजनिक उपक्रमों को जोड़ने और आईटीआई संस्थानों की क्षमता मजबूत करने पर जोर दिया जाएगा।

ओडिशा और गुजरात को 240 करोड़ से अधिक की मंजूरी

ओडिशा के लिए 240.21 करोड़ रुपये की निवेश योजना को मंजूरी मिली है। इसमें सरकारी आईटीआई बारबिल को हब संस्थान और आनंदपुर, कोईरा, करंजिया व बरकोट आईटीआई को स्पोक संस्थान बनाया गया है। जिंदल नवीन अवसर लिमिटेड को एंकर उद्योग साझेदार बनाया गया है।

वहीं गुजरात में 240.18 करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव को मंजूरी दी गई है। सरकारी आईटीआई सूरत को हब और हजीरा, बारडोली, सचिन व सूरत महिला आईटीआई को स्पोक संस्थान बनाया गया है। आर्सेलर मित्तल निप्पॉन स्टील इंडिया इस क्लस्टर में एंकर उद्योग साझेदार होगा।

तेलंगाना में तीन आईटीआई क्लस्टर होंगे विकसित

तेलंगाना में तीन आईटीआई क्लस्टरों को मंजूरी दी गई है। पहले क्लस्टर में ओल्ड सिटी आईटीआई को हब बनाया जाएगा, जिसमें वारंगल, नलगोंडा बॉयज, विकाराबाद गर्ल्स और पंजागुट्टा आईटीआई शामिल होंगे। इसके लिए अपोलो मेड-स्किल्स लिमिटेड 241.01 करोड़ रुपये का निवेश करेगा।

दूसरे क्लस्टर में पटानचेरू आईटीआई हब होगा, जबकि शादनगर, मरपल्ली, नलगोंडा (न्यू) और भोंगीर आईटीआई स्पोक संस्थान होंगे। श्री सिद्धार्थ इंफ्राटेक एंड सर्विसेज (इंडिया) प्रा.लि. 275.24 करोड़ रुपये का निवेश करेगा।

तीसरे क्लस्टर में संगारेड्डी आईटीआई हब होगा, जिसमें हथनूरा, मेडक, दुब्बाका और येल्लारेड्डी आईटीआई शामिल होंगे। न्यूलैंड फाउंडेशन 240.94 करोड़ रुपये के निवेश के साथ एंकर उद्योग साझेदार की भूमिका निभाएगा।

युवाओं की रोजगार क्षमता बढ़ाने पर जोर

कौशल विकास मंत्रालय के अनुसार, पीएम-सेतु योजना का उद्देश्य आईटीआई प्रणाली का आधुनिकीकरण, प्रशिक्षण ढांचे को मजबूत करना, उद्योगों की जरूरतों के अनुसार पाठ्यक्रम तैयार करना और युवाओं को रोजगार के लिए बेहतर कौशल उपलब्ध कराना है। उद्योगों की सीधी भागीदारी से आईटीआई संस्थानों को भविष्य की तकनीकी जरूरतों के अनुरूप तैयार किया जाएगा।