आतंकवाद के खिलाफ सहयोग बढ़ाने पर ब्रिक्स एनएसए की सहमति, सुरक्षा एजेंडा पर जोर

नई दिल्ली (Narendra Singh Danu) : नई दिल्ली में ब्रिक्स देशों के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकारों (NSA) की 16वीं बैठक आयोजित हुई, जिसमें वैश्विक सुरक्षा चुनौतियों पर व्यापक चर्चा की गई और आतंकवाद के खिलाफ सामूहिक प्रतिबद्धता दोहराई गई।

बैठक में यह स्पष्ट किया गया कि आतंकवाद के सभी रूपों और अभिव्यक्तियों से सख्ती से निपटा जाएगा, खासकर उन नई तकनीकों के इस्तेमाल को लेकर जो आतंकी संगठनों द्वारा अपनाई जा रही हैं। सदस्य देशों ने साइबर सुरक्षा और उभरती तकनीकों से जुड़े खतरों पर भी चिंता जताई।

बैठक के बाद प्रतिनिधिमंडलों ने नरेन्द्र मोदी से मुलाकात की। प्रधानमंत्री ने कहा कि बदलते वैश्विक परिदृश्य में BRICS सुरक्षा सहयोग को मजबूत करने और आतंकवाद, साइबर खतरों तथा अन्य चुनौतियों से निपटने में अहम भूमिका निभा सकता है।

बैठक के प्रमुख बिंदु:
आतंकवाद के खिलाफ एकजुटता और नई तकनीकों के दुरुपयोग पर रोक
भारत की 2026 BRICS अध्यक्षता को पूर्ण समर्थन
ऊर्जा, खाद्य और आपूर्ति श्रृंखला सुरक्षा पर चर्चा
साइबर सुरक्षा और जलवायु-जनित जोखिमों पर विचार-विमर्श
सदस्य देशों के बीच सूचना साझा करने और समन्वय बढ़ाने पर जोर

बैठक में 2026 के लिए भारत की अध्यक्षता की थीम—लचीलापन, नवाचार, सहयोग और स्थिरता—को भी समर्थन मिला।

कुल मिलाकर, यह बैठक वैश्विक दक्षिण के देशों के बीच सुरक्षा सहयोग को मजबूत करने और उभरती चुनौतियों के खिलाफ सामूहिक रणनीति बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।